सोमवार, 6 अक्टूबर 2008

१० प्रतिशत की १०० प्रतिशत बात


ख़बर- पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली ज़रदारी ने अमेरिका की प्रमुख 'वाल स्ट्रीट जर्नल' को दिए साक्षात्कार के दौरान जम्मू-कश्मीर में उपद्रव करने वालों को आतंकवादी कह कर संबोधित किया। यह पाकिस्तान के किसी बड़े नेता ने पहली बार कहा है। पूर्व राष्ट्रपति परवेज़ मुशर्रफ़ तो उपद्रवियों को 'स्वतंत्रता सेनानी' कहा करते थे।(दैनिक जागरण)

शैली की बात- चलो श्रीमान १० प्रतिशत ने ही सही पर १०० प्रतिशत की बात तो कही।

10 टिप्‍पणियां:

हिन्दीवाणी ने कहा…

अरे कुछ और भी लिखिए। इस पर तो काफी कुछ लिख सकती हैं। फिर भी आपकी बात सुनी गई, वरना बकौल आपके कि खैर नहीं।

BrijmohanShrivastava ने कहा…

आसार तो अच्छे नजर आरहे हैं जरदारी से अच्छी उम्मीदें है फिल हाल तो आगे देखते हैं ऊँट किस करवट बैठता है /आप अभी से राजनीति के चक्कर में कहाँ पढ़ गई मैं समझता हूँ की अभी ग्रेजुएशन भी न हुआ होगा ब्लोगिंग में उलझने में पढाई पर असर पड़ेगा =ये शौक नहीं नशा है जब कमेन्ट आते हैं तो हम खुश हो जाते है और लोग ये कहकर की हम उत्साह बढ़ा रहे है जबरन कमेन्ट देते है /कभी ग़ालिब का कोई शेर अपने नाम से टाईप कर देना वाह वाह की लाइन लग जायेगी =पढाई से ध्यान हट जायेगा /बिल कुल एकाध घंटे के लिए सिर्फ़ मनोरंजन हेतु ही इस शौक को सीमित रखना इस शौक को अपने ऊपर हावी मत होने देना पढ़ाई ध्यान से करो बी ऐ हो गया हो तो पी एस सी या यूं पी एस सी की तयारी करो टेक्नीकल लाइन हो तो उस और लगन लगाओ

योगेन्द्र मौदगिल ने कहा…

डर के मारे पढ़ली...
अब अगली बार डरने के लिये कितना इंतजार करना होगा..
वैसे पोस्ट सार्थक है... बधाई...
yogindermoudgil.blogspot.com
haryanaexpress.blogspot.com

प्रदीप मानोरिया ने कहा…

जरदारी ने दे दिया इनको आतंकी नाम |
वरना सब कहते रहे आजादी का काम ||
आज़ादी का लेय नाम जो करें उपद्रव |
उनको शह देते रहे परवेज मुसर्रफ ||
कह शैली कविराय बात ये हुयी है भारी |
हिम्मत सच की आखिर जो हैं जरदारी ||

आपके द्वारा प्रस्तुत समाचार पर यह त्वरित टिप्पणी कैसी लगी ?
अच्छी लगे तो अपने ब्लॉग पर पोस्ट करें
मेरे ब्लॉग पर पधारने का धन्यबाद अपना आगमन नियमित बनाए रखे :

प्रमोद ने कहा…

Is tarah dhamkaya aapne, chaliye achchha laga, thoda vicharon ki abhivyakti par jor den.

BrijmohanShrivastava ने कहा…

शैली /एक समाचार दे कर चुप /क्या मतलब ब्लॉग बनाने का ? किसी समाचार के वारे में सोचो ""एसा हुआ तो क्यों हुआ ""एसा होता तो क्या होता ""और आपकी नजर में क्या होना चाहिए /इससे तर्क शक्ति बढेगी अपने विचारों से दूसरे अवगत होंगे और अपने लेखन में सुधार होगा /तर्क शक्ति जीवन में बहुत काम आयेगी /ज़्यादा पढो ,उसमें से शब्द चुनो ,शब्द सामर्थ्य बढाओ /कोई विचार आता है लेकिन शब्द नहीं मिलता और अगर मिलता है तो वह उचित प्रतीत नहीं होता -तो शब्दों के पर्याय वाची शब्द तलाशो =प्रतिदिन एकाध घंटा साहित्य सेवा में निकालो -ज़्यादा नहीं =इतना भी नहीं के उसी के सपने आने लगें कई लोग हैं जो सपने में भी ब्लॉग बनाते रहते हैं =तो एक घंटा प्रतिदिन साहित्य पढ़ना =अच्छे शब्दों का चयन करना उन्हें डायरी में नोट करना =उसके पर्याय वाची मिलें तो नोट करलेना /

बेनामी ने कहा…

niyamit likhe to achchha hoga.

ye word verification hata le.

BrijmohanShrivastava ने कहा…

दीपावली की हार्दिक शुभ कामनाएं /दीवाली आपको मंगलमय हो /सुख समृद्धि की बृद्धि हो /आपके साहित्य सृजन को देश -विदेश के साहित्यकारों द्वारा सराहा जावे /आप साहित्य सृजन की तपश्चर्या कर सरस्वत्याराधन करते रहें /आपकी रचनाएं जन मानस के अन्तकरण को झंकृत करती रहे और उनके अंतर्मन में स्थान बनाती रहें /आपकी काव्य संरचना बहुजन हिताय ,बहुजन सुखाय हो ,लोक कल्याण व राष्ट्रहित में हो यही प्रार्थना में ईश्वर से करता हूँ ""पढने लायक कुछ लिख जाओ या लिखने लायक कुछ कर जाओ "" कृपा बनाए रखें /

अभिषेक मिश्र ने कहा…

Apni khairiyat ki fikra mein hum bhi chale aaye. aapka bhi swagathamre blog par.

MOHAN KUMAR ने कहा…

wah-wah.